जहँ जहँ जाहि देव रघुराया। करहिं मेध तहँ तहँ नभ छाया।।
Ramcharitmanas
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
जहँ जहँ जाहि देव रघुराया। करहिं मेध तहँ तहँ नभ छाया।।
RCM 3.7.5
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
जहँ जहँ जाहि देव रघुराया। करहिं मेध तहँ तहँ नभ छाया।।
RCM 3.7.5
जहँ जहँ जाहि देव रघुराया। करहिं मेध तहँ तहँ नभ छाया।।