सरिता बन गिरि अवघट घाटा। पति पहिचानी देहिं बर बाटा।।
Ramcharitmanas
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
सरिता बन गिरि अवघट घाटा। पति पहिचानी देहिं बर बाटा।।
RCM 3.7.4
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
सरिता बन गिरि अवघट घाटा। पति पहिचानी देहिं बर बाटा।।
RCM 3.7.4
सरिता बन गिरि अवघट घाटा। पति पहिचानी देहिं बर बाटा।।