बिनु अवसर भय तें रह जोई। जानेहु अधम नारि जग सोई।।
Ramcharitmanas
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
बिनु अवसर भय तें रह जोई। जानेहु अधम नारि जग सोई।।
RCM 3.5.15
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
बिनु अवसर भय तें रह जोई। जानेहु अधम नारि जग सोई।।
RCM 3.5.15
बिनु अवसर भय तें रह जोई। जानेहु अधम नारि जग सोई।।