राम भगति भूषित जियँ जानी। सुनिहहिं सुजन सराहि सुबानी।।
Ramcharitmanas
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
राम भगति भूषित जियँ जानी। सुनिहहिं सुजन सराहि सुबानी।।
RCM 1.9.7
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
राम भगति भूषित जियँ जानी। सुनिहहिं सुजन सराहि सुबानी।।
RCM 1.9.7
राम भगति भूषित जियँ जानी। सुनिहहिं सुजन सराहि सुबानी।।