बिधि हरि हर कबि कोबिद बानी। कहत साधु महिमा सकुचानी।।
Ramcharitmanas
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
बिधि हरि हर कबि कोबिद बानी। कहत साधु महिमा सकुचानी।।
RCM 1.3.11
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
बिधि हरि हर कबि कोबिद बानी। कहत साधु महिमा सकुचानी।।
RCM 1.3.11
बिधि हरि हर कबि कोबिद बानी। कहत साधु महिमा सकुचानी।।