सीता चरन भरत सिरु नावा। अनुज समेत परम सुख पावा।।
Ramcharitmanas
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
सीता चरन भरत सिरु नावा। अनुज समेत परम सुख पावा।।
RCM 7.6.2
श्रीरामचरितमानस
मूल श्लोकः
सीता चरन भरत सिरु नावा। अनुज समेत परम सुख पावा।।
RCM 7.6.2
सीता चरन भरत सिरु नावा। अनुज समेत परम सुख पावा।।