Mirabai Padas (Padavali + individual pads)
मीराबाई पदावली
मूल श्लोकः
ज्यानो मैं राजको बेहेवार उधवजी। मैं जान्योही राजको बेहेवार। आंब काटावो लिंब लागावो। बाबलकी करो बाड॥जा०॥१॥ चोर बसावो सावकार दंडावो। नीती धरमरस बार॥ जा०॥२॥ मेरो कह्यो सत नही जाणयो। कुबजाके किरतार॥ जा०॥३॥ मीरा कहे प्रभु गिरिधर नागर। अद्वंद दरबार॥ जा०॥४॥ 26 ज्या संग मेरा न्याहा लगाया। वाकू मैं धुंडने जाऊंगी॥ध्रु०॥ जोगन होके बनबन धुंडु। आंग बभूत रमायोरे॥१॥ गोकुल धुंडु मथुरा धुंडु। धुंडु फीरूं कुंज गलीयारे॥२॥ मीरा दासी शरण जो आई। शाम मीले ताहां जाऊंरे॥३॥
Mira 1.91
Audio
Translations & commentaries(0)
No translations available for this verse yet.