Sant Seva ParishadSant Seva ParishadSSP · sant seva

Mirabai Padas (Padavali + individual pads)

मीराबाई पदावली

मूल श्लोकः

फरका फरका जो बाई हरी की मुरलीया, सुनोरे सखी मारा मन हरलीया॥ध्रु०॥ गोकुल बाजी ब्रिंदाबन बाजी। और बाजी जाहा मथुरा नगरीया॥१॥ तुम तो बेटो नंदबावांके। हम बृषभान पुराके गुजरीया॥२॥ यहां मधुबनके कटा डारूं बांस। उपजे न बांस मुरलीया॥३॥ मीराके प्रभु गिरिधर नागर। चरणकमलकी लेऊंगी बलय्या॥४॥

Mira 1.137

Audio
Translations & commentaries(0)

No translations available for this verse yet.